Diabetes(मधुमेह, शुगर ) treatment hindi

Diabetes(मधुमेह, शुगर ) treatment hindi

Diabetes Treatment -Madhumeh Gharelu Upchar  Hindi

Diabetes-मधुमेह(Madhumeh) के लिए 20 असरदार घरेलू उपचार

Diabetes(मधुमेह, शुगर ) kya hai?

Diabetes(मधुमेह, शुगर ) –

डायबिटीज एक ऐसा रोग है जिसके रोगी को बहुत समय तक तो इस रोग का अहसास ही नही हो पाता है। लेकिन आजकल छोटे बच्चों में भी यह बीमारी देखी गई है। यह बीमारी हमारे शरीर में अग्नाषय द्वारा इंसुलिन का स्त्राव कम हो जाने के कारण हो जाती है। मधुमेह होने पर खून में ग्लूकोज की मात्रा बढ़ जाती है। और साथ ही मधुमेह रोगी के खून में रक्त कोलेस्ट्रॉल, वसा भी अनियंत्रित रूप से बढ़ जाता है। मधुमेह में खून की धमनियों में बदलाव आने लगता है। मधुमेह में मरीजों की आँखे, गुर्दा, मस्तिष्क, हृदय इस रोग के कारण क्षतिग्रस्त हो जाते है जिनके फलस्वरूप दूसरे गंभीर, घातक रोग मधुमेह रोगी को होने का खतरा हो जाता है।[adToAppearHere]
शरीर में जब इन्सुलिन की कमी हो जाती है तब शरीर में भोजन के साथ जो शक्कर खाता है, वह पच नही पाता है इसके फलस्वरूप पेषाब के साथ चीनी भी निकलती है अतः जिन्हे हृदय रोग होता है या जो अधिक हृदय रोग की दवा खाते है या जो अधिक मोटे होते है उनको मधुमेह रोग आसानी से हो जाता है।

Diabetes(मधुमेह, शुगर ) treatment hindi

Diabetes(मधुमेह, शुगर ) treatment hindi

 

 

मधुमह रोगी को बहुत प्यास व जरूरत से ज्यादा भूख लगती है शरीर में संक्रामक रोगों से बचाव की ताकत काम हो जाती है, पेषाब या मूत्र बार-बार आता है शरीर में फोड़ा, खुजली, फुंसी आदि अन्य रोग हो जाते है और साथ ही घाव भरने में काफी समय लगता है, आँखों की रोषनी धीरे-धीरे कम हो जाती है और साथ ही आँखों में मोतियाबिंद होने का खतरा बना रहता है।

Diabetes(मधुमेह, शुगर ) Ke Lakshan

1.मधुमेह रोगी का शरीर कमजोर हो जाता है और थकान महसूस करता है।
2. मधुमेह एक लंबी अवधि की स्थिति हे जो उच्च रक्त शर्करा के स्तर का कारण बनता है।
3.मधुमेह रोगी को भूख ज्यादा लगती है और साथ ही प्यास ज्यादा लगती है।
4. गर्भावधि मधुमेह-इस प्रकार की गर्भावस्था के दौरान महिलाओं को प्रभावित करता है।
5.मधुमेह रोगी को मानसिक तनाव बना रहता है।
6.मधुमेह रोगी को पेषाब बार-बार और अधिक मात्रा में होती है और पेषाब में चीटियाँ लगने लगती है।
7. मधुमेह रोगी के शरीर पर फोडे़-फुँसियाँ निकलने लगती है और यह फोड़े जल्दी ठीक नही होते है।
8. मधुमेह रोगी को पुरूषत्वषक्ति या सम्भोग शक्ति में कमी हो जाती है।
9.मधुमेह रोगी को निरन्तर खुजली रहना एवं दूरस्थ अंगों का सुन्न पड़ जाता है।
10. मधुमेह रोगी की आँखों की रोषनी कम हो जाती है।
11.मधुमेह रोग यदि स्त्रियों में हो जाता है तो उनके मासिक स्त्राव में विकृति अथवा मासिक स्त्राव बन्द हो जाता है जिससे उनकी   सम्भोग शक्ति में कमी हो जाती है।

Diabetes(मधुमेह, शुगर ) Kitne type ki hoti hai?

मधुमेह छह प्रकार की होती है –

1- इंसुलिन आश्रित मधुमेह-मधुमेह में अग्नाषय इंसुलिन नामक हार्मोन नहीं बना पाता है जिससे ग्लूकोज शरीर की कोषिकाओं को ऊर्जा नही दे पाता है इसमें रोगी को रक्त में ग्लूकोज का स्तर सामान्य रखने के लिए नियमित रूप से इंसुलिन के इंजेक्षन लेने पड़ते है। इसे ज्यूविनाइल ऑनसैट डायबिटीज के नाम से जानते है। यह रोग में ऑटोइम्यूनिटी के कारण मधुमेह रोगी का वजन कम हो जाता है।

2.इंसुलिन अनाश्रित मधुमेह-इस रोग में अग्नाषय इन्सुलिन बनाता तो है परन्तु इन्सुलिन कम मात्रा में बनाता है जिससे इन्सुलिन अपना असर नही कर पाता है या फिर अग्नाषय से ठीक समय पर निकल नही पाता है जिससे रक्त में ग्लूकोज का स्तर अनियंत्रित हो बढ़ जाता है इस प्रकार के मधुमेह में जेनेटिक कारण भी महत्वपूर्ण है। कई परिवारों में यह रोग पीढ़ी दर पीढ़ी पाया जाता है। यह वयस्कों तथा मोटापे से ग्रस्त व्यक्तियों को आसानी से हो जाता है।

3. एम0 आर0 डी0 एम0(कुपोषण जनित मधुमेह)-भारत जैसे विकासषील देष में 15-30 आयु वर्ग के किषोर तथा किषोरियाँ कुपोषण से ग्रसत है। इस दषा में अग्नाषय र्प्याप्त मात्रा में इन्सुलिन नही बनाता है। रोगियों को इन्सुलिन के इंजेक्षन देने पड़ते हैं। मधुमेह के रोगियों के विपरीत इन रोगियों के विपरीत इन रोगियों में इन्सुलिन के इंजेक्षन बंद करने पर कीटोएसिडोसिस विकसित नही हो पाता है।

4.  (आई0 जी0 टी0)इंपेयर्ड ग्लूकोज टोलरेंस-जब रोगी को 75 ग्राम ग्लूकोज का घोल पिला दिया जाता है ओर रक्त में ग्लूकोज का स्तर सामान्य तथा मधुमेह के बीच हो जाए तो यह स्थिति आई0 जी0 टी0 कहलाती है इस श्रेणी के रोगी में प्रायः मधुमेह के लक्षण दिखाई नहीं देते परंतु ऐसे रोगियों में भविष्य में मधुमेह हो सकता है।

5.    जैस्टेषनल डायबिटीज -गर्भावस्था के दौरान होने वाली मधुमेह जैस्टेषनल डायबिटीज कहलाती है। दो से तीन परसेन्ट गर्भावस्था में ऐसा होता है। इसके दौरान गर्भावस्था में मधुमेह से संबंधित जटिलताएं बढ़ जाती है तथा भविष्य में माता तथा संतान को भी मधुमेह होने की आषंका बढ़ जाती है।

6.  सेकेंडरी डायबिटीज-जब अन्य रोगों के साथ मधुमेह हो तो उसे सेकेंडरी डायबिटीज कहते हैं। इसमें अग्नाषय नष्ट हो जाता है। जिससे इंसुलिन का स्त्राव असामान्य हो जाता है।

रक्त शर्करा स्तर ज्यादा होने पर मधुमेह में और सामान्यतया भी रक्त-षर्करा स्तर को सामान्य बनाये रखना आवष्यक होता है। यदि रक्त में शर्करा का स्तर लंबे समय तक सामान्य से अधिक बना रहता है तो उच्च रक्त ग्लूकोज, अधिक समय के बाद विषैला हो जाता है। अधिक समय के बाद उच्च गलूकोज रक्त नलिकाओं, गुर्दे, आंखों और स्नायुओं को खराब कर देता है। जिससे जटिलताएं पैदा हो जाती है और शरीर के प्रमुख अंगों में स्थायी खराबी रेटीनोपैथी, आँखों पर दबाव (ग्लूकोमा) और आँखों पर लेंस पर बदली छाना (मोतियाबिंद) हो सकते हैं। गुर्दे की बीमारी का कारण, गुर्दा रक्त में से अपषिष्ट पदार्थ की सफाई करना बंद कर देती है, उच्च रक्तचाप से हृदय को रक्त पंप करने में कठिनाई होती है।)

Kya Diabetes(मधुमेह, शुगर)  से हार्ट अटैक (Heart attack) का खतरा बढ़ जाता है?

शरीर में कोलेस्ट्रोल स्तर ज्यादा होने से दिल का दौरा पड़ने का खतरा चार गुना ज्यादा बढ़ जाता है रक्त में कोलेस्ट्रोल स्तर ज्यादा होने से धमनियों के ऊपर मोटी परत जमा हो जाती है। कोलेस्ट्रोल ज्यादा होने से धमनियां मोटी, कड़ी और कम लचीली हो जाती है जिससे हृदय में रक्त का प्रवाह धीमा और कभी-कभी रूक जाता है और छाती में दर्द होने लगता है, जब हृदय में बहूत ज्यादा कम या बिल्कुल बंद हो जाता है तो इसके कारण दिल का दौरा पड़ जाता हैै। उच्च रक्त चाप और उच्च कोलेस्ट्राल हो तो दिल के दौरे का खतरा बढ़ जाता है।

Diabetes Treatment -Madhumeh  Gharelu Nuskhe

 Treatment of Diabetes (मधुमेह, शुगर ) Gharelu Nuskhe

1 मधुमेह को नियंत्रण में रखने के लिए आँवले का रस दो चम्मच लें और उसमें थोड़ा शहद मिलाकर दिन में दो बार सेवन करने से मधुमेह नियंत्रण में रहता है।

2    मधुमेह को खत्म करने के लिए जामुन के 5-6 फलों को एक कप पानी में डालकर उबाल लें फिर इसे ठण्डा करके इसे मथ लें, इस पानी को सुबह-षाम पिएं, पेषाब में शुगर की मात्रा कम हो जाती है।

3    मधुमेह रोगी को बेल की जड़ को सूखाकर उसको पीसकर उसका चूर्ण बना लें इस चूर्ण में दो चुटकी नमक डालकर एक महीने रोज पीने से मधुमेह ठीक हो जाती है। लेकिन हाई ब्लड प्रेषर वाले इस उपचार को न करें।

4    मधुमेह से छुठकारा पाने के लिए अमलतास के थोडे से गूदे को लें उसे पीस कर उसकी छोटी गोलियाँ बना लें और दो गोलियाँ सुबह-षाम पानी के साथ लें।

5    मधुमेह को दूर करने के लिए दोपहर के समय आधी मूली का रस रोज पिएं।

6    मधुमेह रोगी को कच्चे केले को सूखाकर उसका चूर्ण बना लें उस चूर्ण को एक चम्मच गाय के दूध के साथ सेवन करें।

7    मधुमेह रोगी को एक चम्मच जामुन का रस और एक चम्मच पके आम का रस मिलाकर पीने से शुगर कम होगा।

8    Diabetes Treatment Hindi tips – मधुमेह से छुठकारा पाने के लिए सूखे आंवले और उसमें 50 ग्राम जामुन की गुठली को सुखाकर पीस लें। इस चूर्ण को रोज खाली पेट लेने से मधुमेह ठीक हो जाता है।

9    Diabetes Treatment Hindi Language – मधुमेह को खत्म करने के लिए 5 ग्राम सूखा करेला और 5 ग्राम मेथी के दाने को पीसकर उसका चूर्ण बना लें सुबह के समय एक चम्मच ताजे पानी से खाली पेट लें।

Diabetes Treatment

10   Diabetes Treatment Hindi me -मधुमेह को दूर करने के लिए गुड़मार के पत्तों को सुखा लें फिर इसे पीसकर चूर्ण बना लें, फिर इस चूर्ण को गाय के दूध के साथ लें।

11    Diabetes Treatment Hindi – मधुमेह रोगी को पेषाब करने जल्दी-जल्दी जाना पड़ता है तो उसे दूर करने के लिए पिसी हुई हल्दी को पानी से लें इससे पेषाब जल्दी-जल्दी नही जाना पडेगा।

12    how to prevent diabetes – मधुमेह रोगी को 5 ग्राम मिर्ची, 10 पत्ते तुलसी के और 5 ग्राम जीरा जेकर उन्हे पीस ले और उसका चूर्ण बना लें फिर उसमें काली मिर्च डालकर छोटी-छोटी गोलियां बना लें और सुबह-षाम दो गोलियां पानी के साथ लें।

13   diabetes 2 treatment – मधुमेह रोगी के लिए तेजपत्ता बहुत फायदेमंद है इसे कूटकर कपडे से छान कर इसका चूर्ण बना लें। सुबह के समय इस चूर्ण को पानी के साथ लें।

14    diabetes in hindi  – मधुमेह रोगी के लिए आम की पत्तियां बहुत फायदेमंद है इन पत्तियों को सुखाकर पीस लें और सुबह के समय पानी के साथ लें।

15    type 2 diabetes cure  – मधुमेह रोगी को हरड़, आंवला, त्रिफला, करेले के बीज, मेथी को पीस लें और सुबह के समय पानी के साथ लें।

16   medicine for diabetes – गेहूं के पौधों में रोगनाषक गुण होते हैं। गेहूं के छोटे-छोटे पौधों से रस निकालकर प्रतिदिन सेवन करने से भी मधुमेह नियंत्रण में रहता है।

17   sugar treatment in hindi  – मरीजों को मधुमेह में ज्यादा भूख लगती है अतः ऐसी स्थिति में खीरा खाकर भूख मिटाना चाहिए।

18. treatment of diabetes  – मधुमेह रोगियों को नियमित व्यायाम और योग करना चाहिए।

19. diabetes ayurvedic treatment in hindi – मधुमेह के रोगियों को खाने को ठीक से   चबाकर खाना चाहिए।ऐसा करने से मधुमेह को नियंत्रित किया जा सकता है।

Diabetes (मधुमेह, शुगर )  में क्या खाये और क्या न खाये-

1    मधुमेह रोगी को मैदे की चीजें नही खानी चाहिए।

2    मधुमेह रोगी नींबू के पानी को सुबह-षाम पियें।

3    मधुमेह रोगी को मीठी चीजों का सेवन नहीं करना चाहिए।

4    मधुमेह रोगी को चावल, प्याज, लहसुन को नहीं खाना चाहिए।

5    मधुमेह रोगी को करेला, कच्चा केला, बैगन खाना चाहिए।

6    मधुमेह रोगी को शारीरिक मेहनत तथा व्यायाम करना चाहिए।

7    मधुमेह रोगी को चने व जौ की रोटी खानी चाहिए।

8    मधुमेह रोगी को दही, हरी सब्जियां, जीरा, अदरक का सेवन करना चाहिए।

9    मधुमेह रोगी को चने का पानी पीना चाहिए।

10    मधुमेह रोगी को ऐसा खाना नही खाना चाहिए जिससे बदहजमी हो।

11- मधुमेह के रोगियों को करेले का जूस सुबह खाली पेट पीना चाहिए ।