Alcohol,Drug (शराब, भांग,अफीम) Addiction Treatment Hindi

Alcohol,Drug (शराब, भांग,अफीम) Addiction Treatment Hindi

Sharab.Bhaang,Afeem ka Nasha aur Lat

शराब, भांग,अफीम का नषा व लत

आज हर व्यक्ति किसी न किसी नषे का आदी हो चुका है, जिसका सीधा प्रभाव स्वास्थ्य पर पड़ता है। स्वदेषी चिकित्सा में हर रोग का उपचार है। इस अध्याय में विभिन्न प्रकार के नषे व लत का उपचार बतलाया जा रहा है।

Sharab.Bhaang,Afeem ka Nasha aur Lat Ka 28 Gharelu Upchar

शराब, भांग,अफीम का नषा व लत 28 घरेलु उपचार (Gharelu Upchar)

Alcohol,Drug (शराब, भांग,अफीम) Addiction Treatment Hindi

Alcohol,Drug (शराब, भांग,अफीम) Addiction Treatment Hindi

1 अधिक शराब पीने से नषा होने पर नीबू का रस या काॅफी का सेवन करने से नषा कम हो जाता है।

2 शराब का नषा चढ़ जाने पर ककड़ी या खीरा लेकर उस पर नीबू का रस निचोड़कर खाने से नषा कम हो जाता है।

3 छह माषा फिटकरी दूध या पानी में घोलकर पीने से भी शराब का नषा कम हो जाता है अथवा सेब का रस देने से भी शराब का नषा कम हो जाता है।
4 अधिक शराब पीने से यदि जीवन संकट में हो तो 25 ग्राम देसी घी में उतनी ही मिसरी पीसकर चाटने से खतरा टल जाता है।

5 शराब का नषा कम करने के लिए पिसे धनिये में शक्कर मिलाकर देने, अमरूद खिलाने या सिर पर ठंडा पानी डालने से भी नषा हल्का हो जाता है।

6 यदि भांग का नषा अधिक चढ़ गया हो तो अमरूद खाकर सो जाने से नषा उतर जाता है।

7 25 ग्राम अरहर की दाल को पानी में उबालकर वह पानी पिलाने से भांग का नषा उतर जाता है।

8 छाछ पीने या ताजा मीठा दही खाने, नीबू का रस चूसने से भी भांग का नषा उतर जाता है।

9 यदि भांग का नषा अत्यधिक चढ़ गया हो तो इमली का गूदा (30 ग्राम) को एक पाव पानी में भिगोकर, मथ-छानकर 30 ग्राम गुड के साथ वह पानी दें।

10 भांग के नषे के कारण यदि बेहोषी छा गई हो तो जामुन की कोंपलें दें या एक पाव जामुन के पत्ते पीसकर दिन में 2-3 बार देने से नषा कम हो जाता है।

11 भांग के नषे के कारण बेहोषी आने पर सरसों का तेल गुनगुना गर्म कर दोनों कानों में कुछ बूंदें डालने से भी लाभ होता है।

12 नीम की पत्तियों का रस पिलाने, पीपल की छाल का काढ़ा पिलाने व छाछ में हींग मिलाकर पिलाने से अफीम का नषा उतर जाता है।

13 अरहर के पत्तों का रस पिलाने से भी अफीम का नषा उतर जाता है।

14 दूध का अधिक सेवन करने से भी अफीम का नषा उतर जाता है।

15 एक छटांक छाछ में एक ग्राम हीरा हींग घोलकर पिलाने से भी अफीम का नषा उतर जाता है।

16 पुदीने के पत्ते सेवन कराने या पुदीने का रस (अर्क) देने से गांजे का नषा उतर जाता है।

17 इमली का पानी पिलाना भी गांजे के नषे में हितकर है।

18 गुटखा खाना आज लोगों की आदत में शुमार हो गया है। गुटखे की आदत छोड़ने के लिए अजवायन 10 ग्राम, काली मिर्च 5 ग्राम, सोंठ 10 ग्राम को पीसकर-मिलाकर 5 ग्राम नीबू का रस (कागदी नीबू का रस) निचोड़ें। फिर सारा मिश्रण तैयार कर छोटी-छोटी गोलियाँ बना लें। जब भी गुटखा खाने की तलब हो, एक गोली मुंह में रखकर चूसें। सात दिन में ही गुटखा खाने की आदत छूट जाएगी।

19 जिन्हें तमाखू खाने की आदत है, वे 5 ग्राम मेथी दाना को पानी में धोकर धूप में सुखा दें। फिर उसमें कागदी नीबू का रस निचोड़ें। जब भी तमाखू खाने की तलब लगे, मेथीदाना मुंह में रख लें। तमाखू खाने की आदत से शीघ्र छुटकारा मिल जाएगा।

20 शराब की लत छुड़ाने के लिए एक बोतल शराब में एक बोतल ही असली सौंफ का अर्क मिला लें और जब भी शराब पीने की इच्छा हो, शराब लेकर उसमें एक तोला सौंफ का अर्क मिलाकर पी जाएं। शराब की लत छूट जाएगी।

21 भोजन के समय सेब के रस का सेवन करने से शराब की आदत छूट जाती है।

22 सेब को उबालकर दिन में 2-3 बार नित्य खाएं। शराब की आदत छूट जाएगी।

23 जितनी अफीम नित्य खाने की आदत हो उतनी लेकर उतना ही रसौत का पानी उसमें मिलाएं और रसौत को पीसकर अफीम में मिलाकर सेवन करें। धीरे-धीरे अफीम की आदत छूट जाएगी।

24 केवल अजवायन का सेवन करने से भी धीरे-धीरे अफीम की आदत छूट जाएगी।

25 सिगरेट की आदत छोड़ने के लिए बरगद पेड़ की सूखी लकड़ी सिगरेट से दुगुनी लंबी काटकर उसको जलाकर सिगरेट की तरह दिन में तीन बार 15-20 दिन तक पीएं। धीरे-धीरे सिगरेट की आदत छूट जाएगी।

26 अजवायन 20 ग्राम, काला नमक 5 ग्राम को बारीक पीसकर नीबू का रस मिलाएं और काली मिर्च के बराबर गोलियां बना लें। जब भी बीड़ी, सिगरेट या तमाखू की तलब हो एक गोली मुंह में रखकर चूसें। दो सप्ताह में बीड़ी, सिगरेट, तमाखू की आदत छूट जाती है।
27 यदि चाय पीने की आदत छोड़नी है तो एक लौंग, दो काली मिर्च व तुलसी की चार पत्तियां 250 ग्राम पानी में उबालकर दूध व मिसरी मिलाएं और चाय की तरह पीएं। चाय की आदत से छुटकारा मिल जाएगा।

28 पान खाना भी दाँतों के लिए विषेषकर मसूढ़ों के लिए हानिकारक है। यदि पान खाने की आदत छोड़ना चाहते हैं तो भोजनोपरांत तुलसी की 2-4 पत्तियां चबाएं। पान खाने की आदत धीरे-धीरे छूट जाएगी। इससे अनेक लाभ भी होंगे। जैसे अपव्यय रूकेगा, दांत मजबूत व चमकीले होंगे। मुख से दुर्गन्ध नहीं आएगी व पाचनषक्ति भी खराब नहीं होगी।

विशेष- बहेड़े की छाल, माजूफल, पठानी लोध, छोटी इलायची, सफेद मूसली, ढाक व पलाष का गोंद, काली सुपारी के पुष्प। इन सबको कूट-पीस व छानकर चूर्ण बनाएं और जरा-सा दूध मिलाकर छोटी-छोटी गोलियाँ बनाकर सेवन करें। हर प्रकार की लत या आदत छुड़ाने का यह अचूक नुस्खा है।

विशेष- किसी भी प्रकार का नषा उतारने के लिए एक छटांक अंगूर पानी में पीसकर छानें और जीरा, नमक, काली मिर्च मिलाकर सेवन कराएं। नषा तुरंत उतर जाएगा। सौ ग्राम प्याज का रस भी नषा उतारने का अचूक उपाय है। इसी तरह ढाक के पत्ते की डंठल (5-6) को पानी में घोंटकर-छानकर पिलाने से भी नषा उतर जाता है।